Amor de casal
O amor de casal é celebrado na Bíblia como dom sagrado. O Cântico dos Cânticos exalta a beleza do amor conjugal — íntimo, exclusivo e forte como a morte.
तब प्रभु परमेश्वर न कह्यो, "आदमी को अकेलो रहनो अच्छो नहीं; मय ओकी मदद लायी एक असो संगी बनाऊं जो ओको सी मेल खाये।"
अऊर प्रभु परमेश्वर न ऊ फसली ख जो ओन आदमी म सी निकाली होती, ओन एक बाई बनायी; अऊर ओख आदम को जवर लायो। तब ऊ आदम न कह्यो,
"अब यो मोरी हड्डियों म की हड्डी अऊर मोरो मांस म को मांस हय;
येकोलायी येको नाम ‘बाई’ होयेंन,
कहालीकि ओख आदम म सी बाहेर निकाली गयी हय।"
योच वजह हय कि आदमी अपनो माय बाप ख छोड़ क अपनी पत्नी सी मिल्यो रहेंन, अऊर हि एक जुट बन्यो रहेंन।
येकोलायी हि अब दोय नहीं, पर एक शरीर हंय। येकोलायी जेक परमेश्वर न जोड़्यो हय, ओख आदमी अलग नहीं करे।"
प्रेम धीरजवन्त हय, अऊर दयालु हय; प्रेम जलन नहीं करय; प्रेम अपनी बड़ायी नहीं करय, अऊर अपनो आप म फूलय नहाय, ऊ अनरीति नहीं चलय, ऊ अपनी भलायी नहीं चाहवय, चिड़य नहीं, दूसरों की बुरी बातों को लेखा नहीं रखय। बुरायी सी खुशी नहीं होवय, पर सत्य सी खुशी होवय हय। ऊ सब बाते सह लेवय हय, सब बातों की विश्वास करय हय, सब बातों की आशा रखय हय, सब बातों म धीरज रखय हय।
योच तरह उचित हय कि पति अपनी पत्नी सी अपनो खुद को शरीर को जसो प्रेम रखे। जो अपनी पत्नी सी प्रेम रखय हय, ऊ अपनो आप सी प्रेम रखय हय। कहालीकि कोयी न कभी अपनो शरीर सी दुश्मनी नहीं रख्यो बल्की ओको पालन–पोषन करय हय, जसो मसीह भी मण्डली को करय हय।
पर तुम लोगों म सी हर एक पति अपनी पत्नी ख अपनो जसो प्रेम करे अऊर हर एक पत्नी अपनो पति को आदर–सम्मान रखे।
अऊर इन सब को अलावा प्रेम ख धारन करो, प्रेमच एक दूसरों ख आपस म बान्धय अऊर परिपूर्ण करय हय।
एक सी दोय अच्छो हंय, कहालीकि उन्को मेहनत को अच्छो फर मिलय हय। यदि उन्को म सी एक गिरेंन, त दूसरो ओख उठायेंन; पर हाय ओको पर जो अकेलो होय क गिरेंन अऊर ओको कोयी उठान वालो नहाय। यदि दोय जन एक संग सोयेंन त हि गरम रहेंन, पर कोयी अकेलो कसो गरम होय सकय हय? यदि कोयी अकेलो पर भारी होवय हय त हय, पर दोय ओको सामना कर सकेंन। जो दोरी तीन धागा सी बटी हो वा जल्दी नहीं टूटय।