Casa de Deus
A casa de Deus é lugar de adoração, refúgio e encontro com o Sagrado. A Bíblia exalta o tabernáculo, o templo e a igreja como morada do Altíssimo entre seu povo.
A presença de Deus
Quão amáveis são os teus tabernáculos! Uma coisa pedi ao Senhor: habitar na casa do Senhor todos os dias da minha vida.
O templo
Minha casa será chamada casa de oração. O zelo da tua casa me consumiu. O verdadeiro templo é o corpo do cristão.
यीसु न परमेस्वर को मन्दिर म जान ख उन पूरो ख, जे मन्दिर म लेन देन कर रयो हतो, निकाल दियो, अर सर्राफो को टेबल अऊर कबूतर बेचनेवालो की चोकियाँ पलट दियो; अऊर उन से कहयो, "सुध्द सास्र म लिखो हैं, मोरो घर परमेस्वर को घर प्रार्थना को घर कहलाहे अऊर तुम लोग डाकू हुन को अड्डा बना हैं।"
यहूदी हुन को फसह को तिहार आन वालो हतो, अर यीसु यरूसलेम सहर ख गयो। वहाँ ओ न मन्दिर म बईल, भेड़ अर कबूतर ख बेचन वाला अर अपनो टेबल को जोने बैठिया बियाना करन वाला ख देख्यो। यीसु न रस्सी हुन को कोड़ा बना ख, सब भेड़ हुन अर बईल हुन ख मन्दिर से निकाल दियो, ओ ना बियाना करन वाला का पैसा छितरा दियो, उनको टेबल उलटा दियो, अर कबूतर बेचन वाला से कहयो, "यू सब ख यहाँ से हटा ख ले जाव। मोरो पिता परमेस्वर को घर ख बजार मत बनाव।" तब ओ ख चेला हुन ख सास्र को यू वचन याद आयो, "तोरो घर कि चिन्ता-फिकर मोखा खा जाहे।"
का तुम यू नी मालूम हैं कि तुमारो सरीर सुध्द आत्मा को मन्दिर आय, जो तुम म बसो भयो हैं अऊर तुम ख परमेस्वर कि तरफ से मिलो हैं; अऊर तुम अपनो नी हैं?
अदि मो ख आवन म बखत लग जाहे ते तुम ख मालुम रहे कि परमेस्वर को घरानो म, जे जिन्दो परमेस्वर की कलीसिया हैं, कोई ख अपनो बर्ताव कसो रखनो चहिये। कलीसिया ही सही को नीव अऊर आधार खंमा हैं।
पर परमेस्वर को घराना म मसी तो एक पोरिया को जसो भरोसा करन लायक हैं अऊर अदि हम धीरज म अर वा आसा म भरोसा ख बनाय ख रखा हैं ते हम ही ओखा घर हुन आय।
"गवाई को तम्बू जंगल म हमारा बापदादा को बीच म हतो, जसो ओ ना ठहरायो जेना मूसा से येको बारे म कहयो, जे आ ख तू न देखो हैं; ओको अनुसार ओखा बना।" हमरा बाप दादा ओ ख हासिल कर ख तभी उते वहाँ आया रहा जब यहोसू को बखत म उन ना वी दुसरी जात हुन पा हक पायो जीन ख परमेस्वर न हमरा बाप दादा जोने निकाल ख बाहर कर दियो रहा। अर दाऊद को बखत तक असो ही रहा। दाऊद न परमेस्वर की किरपा को आनन्द उठायो। ओ ना सोचियो की उ याकूब ख अदमी हुन को लाने एक रहन को जगा बना सके। पर सुलैमान न ओको लाने मन्दिर बनायो।
पर परमप्रधान से रहन वालो परमेस्वर हात को बनायो घर म नी रहवा, जसो की भविस्यवक्ता न कहयो,
प्रभु बोला हैं, स्वर्ग मोरो सिंहासन,
अर जमीन मोरो लियो तुम कसो तरीका को घर बनायगो?
अर मोरो आराम को कोन सी जगह होयगो?
का यी सब चिज मोरो सामर्थ की बनाई वाली नी?
तब याकूब नींद से जाग गयो। ओ न कहयो, "पक्को म इस जगह म प्रभु उपस्थित है। अऊर मी या बात ख नी जानता था।"
उ डर ख बोल्यो, "यहाँ जगह किनती भयंकर है। याहा परमेस्वर को भवन ख छोड़ अऊर कुछ नी हो सकह; लेकिन यह स्वर्ग की फाटक ही होगी।"