O papel da mulher
A Bíblia honra a mulher como colaboradora essencial no plano de Deus. De Provérbios 31 às mulheres do Novo Testamento, a Escritura celebra a sabedoria, a força e a fé feminina.
A mulher virtuosa
Mulher virtuosa, quem a achará? Seu valor excede o de rubis. Ela é sábia, trabalhadora, generosa e temida pelo Senhor.
सदाचारी पत्नी
भली पत्नी कौन पा सकता है?
क्योंकि उसका मूल्य मूँगों से भी बहुत अधिक है।
उसके पति के मन में उसके प्रति विश्वास है,
और उसे लाभ की घटी नहीं होती।
वह अपने जीवन के सारे दिनों में उससे बुरा नहीं,
वरन् भला ही व्यवहार करती है।
वह ऊन और सन ढूँढ़ ढूँढ़कर,
अपने हाथों से प्रसन्नता के साथ काम करती है।
वह व्यापार के जहाजों के समान अपनी भोजनवस्तुएँ दूर से मँगवाती है।
वह रात ही को उठ बैठती है,
और अपने घराने को भोजन खिलाती है
और अपनी दासियों को अलग-अलग काम देती है।
वह किसी खेत के विषय में सोच विचार करती है
और उसे मोल ले लेती है; और अपने परिश्रम के फल से दाख की बारी लगाती है।
वह अपनी कमर को बल के फेंटे से कसती है,
और अपनी बाहों को दृढ़ बनाती है। (लूका 12:35)
वह परख लेती है कि मेरा व्यापार लाभदायक है।
रात को उसका दिया नहीं बुझता।
वह अटेरन में हाथ लगाती है,
और चरखा पकड़ती है।
वह दीन के लिये मुट्ठी खोलती है,
और दरिद्र को सम्भालने के लिए हाथ बढ़ाती है।
वह सन के वस्त्र बनाकर बेचती है;
और व्यापारी को कमरबन्द देती है।
वह बल और प्रताप का पहरावा पहने रहती है,
और आनेवाले काल के विषय पर हँसती हैआनेवाले काल के विषय पर हँसती है: अर्थात् वह चिन्तित होकर भविष्य को नहीं देखती परन्तु आत्म-विश्वास के साथ हर्ष से देखती है।।
वह बुद्धि की बात बोलती हैवह बुद्धि की बात बोलती है: एक सच्ची पत्नी के मुख से निकलने वाले वचन श्रोताओं के लिए नियम निर्धारक मार्गदर्शन एवं निर्देशन स्वरूप होते हैं।,
और उसके वचन कृपा की शिक्षा के अनुसार होते हैं।
वह अपने घराने के चाल चलन को ध्यान से देखती है,
और अपनी रोटी बिना परिश्रम नहीं खाती।
हर बुद्धिमान स्त्री अपने घर को बनाती है,
पर मूर्ख स्त्री उसको अपने ही हाथों से ढा देती है।
दुष्ट सलाह से बचना
हे मेरे पुत्र, अपने पिता की शिक्षा पर कान लगा,
और अपनी माता की शिक्षा को न तज;
Beleza interior
A beleza verdadeira não é exterior, mas o caráter incorruptível de um espírito manso e tranquilo. Isso tem grande valor diante de Deus.
पत्नियाँ
हे पत्नियों, तुम भी अपने पति के अधीन रहो। इसलिए कि यदि इनमें से कोई ऐसे हों जो वचन को न मानते हों, तो भी तुम्हारे भय सहित पवित्र चाल-चलन को देखकर बिना वचन के अपनी-अपनी पत्नी के चाल-चलन के द्वारा खिंच जाएँ। और तुम्हारा श्रृंगार दिखावटी न हो, अर्थात् बाल गूँथने, और सोने के गहने, या भाँति-भाँति के कपड़े पहनना। वरन् तुम्हारा छिपा हुआ और गुप्त मनुष्यत्व, नम्रता और मन की दीनता की अविनाशी सजावट से सुसज्जित रहे, क्योंकि परमेश्वर की दृष्टि में इसका मूल्य बड़ा है। और पूर्वकाल में पवित्र स्त्रियाँ भी, जो परमेश्वर पर आशा रखती थीं, अपने आपको इसी रीति से संवारती और अपने-अपने पति के अधीन रहती थीं। जैसे सारा अब्राहम की आज्ञा मानती थी और उसे स्वामी कहती थी। अतः तुम भी यदि भलाई करो और किसी प्रकार के भय से भयभीत न हो तो उसकी बेटियाँ ठहरोगी।
पति
वैसे ही हे पतियों, तुम भी बुद्धिमानी से पत्नियों के साथ जीवन निर्वाह करो और स्त्री को निर्बल पात्र जानकर उसका आदर करो, यह समझकर कि हम दोनों जीवन के वरदान के वारिस हैं, जिससे तुम्हारी प्रार्थनाएँ रुक न जाएँ।
वैसे ही स्त्रियाँ भी संकोच और संयम के साथ सुहावने वस्त्रों से अपने आपको संवारे; न कि बाल गूँथने, सोने, मोतियों, और बहुमूल्य कपड़ों से,
इसी प्रकार से स्त्रियों को भी गम्भीर होना चाहिए; दोष लगानेवाली न हों, पर सचेत और सब बातों में विश्वासयोग्य हों।
Parceria e dignidade
Deus criou homem e mulher à sua imagem. A mulher não é inferior, mas parceira e co-herdeira da graça da vida.
तब परमेश्वर ने अपने स्वरूप में मनुष्य को रचा, अपने ही स्वरूप में परमेश्वर ने मनुष्य की रचना की; नर और नारी के रूप में उसने मनुष्यों की सृष्टि की। (मत्ती 19:4, मर. 10:6, प्रेरि. 17:29, 1 कुरि. 11:7, कुलु. 3:10, 1 तीमु. 2:13) और परमेश्वर ने उनको आशीष दी; और उनसे कहा, "फूलो-फलो, और पृथ्वी में भर जाओ, और उसको अपने वश में कर लो; और समुद्र की मछलियों, तथा आकाश के पक्षियों, और पृथ्वी पर रेंगनेवाले सब जन्तुओं पर अधिकार रखो।"
फिर यहोवा परमेश्वर ने कहा, "आदम का अकेला रहना अच्छा नहींआदम का अकेला रहना अच्छा नहीं: परमेश्वर ने मनुष्य को समाजिक प्राणी बनाया, कि वह न केवल अपने से बड़ो के साथ बातचीत करे बल्कि समान लोगों के साथ भी करे। उसे एक साथी चाहिए था जिसके साथ वह बातचीत कर सके और परमेश्वर ने उसकी इस जरूरत की पूर्ति करने का निर्णय किया।; मैं उसके लिये एक ऐसा सहायक बनाऊँगा जो उसके लिये उपयुक्त होगा।" (1 कुरि. 11:9)
फिर स्त्री से उसने कहा, "मैं तेरी पीड़ा और तेरे गर्भवती होने के दुःख को बहुत बढ़ाऊँगा; तू पीड़ित होकर बच्चे उत्पन्न करेगी; और तेरी लालसा तेरे पति की ओर होगी, और वह तुझ पर प्रभुता करेगा।" (1 कुरि. 11:3, इफि. 5:22, कुलु. 3:18)
तो भी प्रभु में न तो स्त्री बिना पुरुष और न पुरुष बिना स्त्री के है। क्योंकि जैसे स्त्री पुरुष से है, वैसे ही पुरुष स्त्री के द्वारा है; परन्तु सब वस्तुएँ परमेश्वर से हैं।
पतियों और पत्नियों को आदेश
हे पत्नियों, अपने-अपने पति के ऐसे अधीन रहो, जैसे प्रभु के। (कुलु. 3:18, 1 पत. 3:1, उत्प. 3:16) क्योंकि पति तो पत्नी का सिर है जैसे कि मसीह कलीसिया का सिर है; और आप ही देह का उद्धारकर्ता है। पर जैसे कलीसिया मसीह के अधीन है, वैसे ही पत्नियाँ भी हर बात में अपने-अपने पति के अधीन रहें।
इसी प्रकार बूढ़ी स्त्रियों का चाल चलन भक्तियुक्त लोगों के समान हो, वे दोष लगानेवाली और पियक्कड़ नहीं; पर अच्छी बातें सिखानेवाली हों। ताकि वे जवान स्त्रियों को चेतावनी देती रहें, कि अपने पतियों और बच्चों से प्रेम रखें; और संयमी, पतिव्रता, घर का कारबार करनेवाली, भली और अपने-अपने पति के अधीन रहनेवाली हों, ताकि परमेश्वर के वचन की निन्दा न होने पाए।