Repouso e férias
Deus criou o descanso como parte da vida. O sábado, o repouso e até as férias refletem a confiança de que Deus sustenta todas as coisas — mesmo quando paramos.
O descanso como ordenança
Deus descansou no sétimo dia e nos convidou a fazer o mesmo. O descanso sabático é um presente de Deus para restauração do corpo e da alma.
चुनाँचे अल्लाह की क़ौम के लिए एक ख़ास सुकून बाक़ी रह गया है, ऐसा सुकून जो अल्लाह के सातवें दिन आराम करने से मुताबिक़त रखता है। क्योंकि जो भी वह सुकून पाता है जिसका वादा अल्लाह ने किया वह अल्लाह की तरह अपने कामों से फ़ारिग़ होकर आराम करेगा।
सबत के दिन अपने पैरों को काम करने से रोक। मेरे मुक़द्दस दिन के दौरान कारोबार मत करना बल्कि उसे ‘राहतबख़्श’ और ‘मुअज़्ज़ज़’ क़रार दे। उस दिन न मामूल की राहों पर चल, न अपने कारोबार चला, न ख़ाली गप्पें हाँक। यों तू सबत का सहीह एहतराम करेगा। तब रब तेरी राहत का मंबा होगा, और मैं तुझे रथ में बिठाकर मुल्क की बुलंदियों पर से गुज़रने दूँगा, तुझे तेरे बाप याक़ूब की मीरास में से सेर करूँगा।" रब के मुँह ने यह फ़रमाया है।
चुनाँचे सब कुछ अल्लाह के जलाल की ख़ातिर करें, ख़ाह आप खाएँ, पिएँ या और कुछ करें।
Sono e paz
Ditar-se em paz e dormir tranquilamente é bênção do Senhor. Quem confia nele dorme sem medo e acorda renovado.
मैं आराम से लेटकर सो जाता हूँ, क्योंकि तू ही ऐ रब मुझे हिफ़ाज़त से बसने देता है।
मैं आराम से लेटकर सो गया, फिर जाग उठा, क्योंकि रब ख़ुद मुझे सँभाले रखता है।
यह भी अबस है कि तुम सुबह-सवेरे उठो और पूरे दिन मेहनत-मशक़्क़त के साथ रोज़ी कमाकर रात गए सो जाओ। क्योंकि जो अल्लाह को प्यारे हैं उन्हें वह उनकी ज़रूरियात उनके सोते में पूरी कर देता है।
रात की दहशतों से ख़ौफ़ मत खा, न उस तीर से जो दिन के वक़्त चले।
तू पाँव फैलाकर सो सकेगा, कोई सदमा तुझे नहीं पहुँचेगा बल्कि तू लेटकर गहरी नींद सोएगा।
काम-काज करनेवाले की नींद मीठी होती है, ख़ाह उसने कम या ज़्यादा खाना खाया हो, लेकिन अमीर की दौलत उसे सोने नहीं देती।
Descanso e segurança
No repouso, encontramos segurança. Deus guarda os justos, e mesmo no silêncio da noite, sua paz nos protege e restaura.
चूँकि उम्मीद होगी इसलिए तू महफ़ूज़ होगा और सलामती से लेट जाएगा। तू आराम करेगा, और कोई तुझे दहशतज़दा नहीं करेगा बल्कि बहुत लोग तेरी नज़रे-इनायत हासिल करने की कोशिश करेंगे।
क्योंकि उस की मनज़िले-मक़सूद सलामती है। सीधी राह पर चलनेवाले मरते वक़्त पाँव फैलाकर आराम करते हैं।