Servir
Servir é o coração do evangelho. Jesus não veio para ser servido, mas para servir. O cristão é chamado a seguir esse exemplo, colocando-se a serviço de Deus e do próximo.
O exemplo de Jesus
Cristo é o modelo supremo de serviço. Ele lavou os pés dos discípulos e deu a própria vida como resgate por muitos.
काहेकि इंसान को पोरिया येको लाने नी आयो कि ओकी सेवा टहल करी जाय, पर येको लाने आयो कि उ स्वंय सबकी सेवा चाकरी करे, अर बेजा झन ख छुड़ान ख लाने अपनी जान देहे।"
जसो कि इंसान को पोरिया; उ एकोलाने नी आयो कि ओकी सेवा टहल कि जाहे, पर एकोलाने आयो कि स्वंय सेवा कर, अऊर बेजा हुन ख छुड़ान का लाने अपनो जान देहे।"
अऊर तुम म असो नी होए: पर जे कोई तुम म बड़ो होनू चाहे उ तुमारो दास बने; अऊर जे तुम म मुखिया होनू चाहे हैं, उ तुमारो दास बने;
अदि मी न प्रभु अर गुरू होका तुमरो पाय धोयो, ते तुमका भी एक दुसरो को पाय धोनु जरूर धोनो चाहिए।
तब यीसु न वी चेला हुन ख बुला ख अर उनसे कहयो, "अदि कोई तुम म से बड़ो बननू चाहवा हैं, ते सबसे छोटो बन ख अर सबको सेवक बननो पढ़े।"
Servindo ao Senhor
Servir a Deus é um privilégio e uma ordenança. Devemos amá-lo de todo coração e servi-lo com alegria e fidelidade.
अऊर कोसिस करन म आलस नी कर सुध्द आत्मा कि खुसी म भरो रह प्रभु कि सेवा करते रह।
ते मसी को खून जे न अपनो तुम ख अनन्त आत्मा को दुवारा परमेस्वर को सामने बेकसूर चढ़ायो, तुमारो विवेक को मरो हुओ कामो से काहे नी सुध्द करेगों ताकि तुम जिन्दा परमेस्वर की सेवा करो।
Servir ao próximo
A liberdade cristã nos chama a servir uns aos outros pelo amor. Cada dom recebido é para edificação do corpo de Cristo.
हे भैय्या हुन अर बहिन, तुम स्वतरत होन ख लाने बुलायो गया हैं; पर असो नी होय की या स्वतंतरता सारीरिक काम हुन को लाने काम कि चीज बने, वरन प्रेम से एक दुसरा को लाने गुलाम बनो।
अपनो खुद ख जान, पर अपनी यी आजादी ख बुराई को लाने रूकावट नी बनो; पर अपनो खुद ख परमेस्वर को दास मान ख चल।
अदि कोई मोरी सेवा करे, ते मोरो पिछु आन लग जाय; अर जीते मी रहू हैं, ओमा मोरो सेवक भी रहेगो। अदि कोई मोरी सेवा करे ते मोरो परमेस्वर बाप भी ओकी इज्जत करेगों।
कोई भी दास दो मालिक हुन की सेवा नी कर सकह हैं काहेकि उ ते एक से बुराई करे अऊर दुसरो से प्रेम रखनो। या एक से मिल्यो रहेगो अऊर दुसरो ख संग म तुच्छ जानेगो। तुम परमेस्वर अऊर धन कि अऊर दोई कि एक संग म सेवा नी कर सकह।
अर नी अपनो आग हुन ख अधर्म का हथियार होन का लाने पाप ख दियो, पर अपनो तुम ख मरो भयो म से जिन्दो हुयो जाना क परमेस्वर ख दियो, अर अपनो सरीर हुन ख धर्म ख हथियार होन का लाने परमेस्वर ख दियो।
Fidelidade e recompensa
O servo fiel e sábio será recompensado pelo Senhor. A fidelidade no serviço honra a Deus e produz frutos eternos.
ओखा मालिक न ओ से कहयो, धन्य हे भलो अर विस्वास योग्य दास, तू थोड़ा म भरोसा योग्य दास, तू थोड़ा म विस्वास लायक रहे; म तोखा बेजा चीज हुन को अधिकारी बनाऊँ। अपनो मालिक ख खुसी म सामिल होऐ।
एकोलाने अरे मोरो प्यारो भई हुन, मजबूत अर बढ़ते जाहे, काहेकि यी जान हैं कि तुमारो महेनत प्रभु म बेकार नी हैं।
पुरो सुध्द सास्र परमेस्वर की प्रेरना से रचो गयो हैं अर उपदेस, अर समझानो, अर सुधारनो, अर धर्मिकता की सिक्छा को लाने फयदा लायक हैं, ताकि परमेस्वर को जन सिध्द बनो, अर हर एक भली बात को लाने तुरत तैयार हो जाओ।