Sexo
A Bíblia trata a sexualidade como um presente de Deus para o contexto do casamento. As Escrituras celebram a intimidade conjugal e orientam sobre pureza e santidade sexual.
A sexualidade no plano de Deus
Desde a criação, Deus projetou a intimidade sexual como expressão de amor entre marido e mulher, abençoando a união conjugal.
तब परमेश्वर न आदमी ख अपनो स्वरूप को अनुसार पैदा करयो, अऊर अपनोच स्वरूप को अनुसार परमेश्वर न ओख पैदा करयो; अऊर नर अऊर नारी कर क् ओन आदमियों की रचना करी। अऊर परमेश्वर न उन्ख आशीर्वाद दियो, अऊर उन्को सी कह्यो, "फूलो फलो, अऊर धरती म भर जावो, अऊर ओख अपनो बस म कर लेवो; अऊर समुन्दर की मच्छी, तथा आसमान की पक्षियों, अऊर धरती पर रेंगन वालो सब जन्तुवों पर अधिकार रखो।"
योच वजह हय कि आदमी अपनो माय बाप ख छोड़ क अपनी पत्नी सी मिल्यो रहेंन, अऊर हि एक जुट बन्यो रहेंन।
ओन उत्तर दियो, "का तुम न नहीं पढ़्यो कि जेन उन्ख बनायो? ओन सुरूवात सीच नर अऊर नारी बनायो, अऊर कह्यो ‘येकोलायी आदमी अपनो माय-बाप सी अलग होय क अपनी पत्नी को संग रहेंन अऊर हि दोयी एक शरीर होयेंन?’ येकोलायी हि अब दोय नहीं, पर एक शरीर हंय। येकोलायी जेक परमेश्वर न जोड़्यो हय, ओख आदमी अलग नहीं करे।"
A santidade na intimidade
O leito conjugal é honroso. A Bíblia celebra a alegria da intimidade dentro do casamento e orienta o casal ao amor e respeito mútuo.
बिहाव को सब ख आदर करनो चाहिये अऊर पति अऊर पत्नी विश्वास लायक रहे कहालीकि परमेश्वर व्यभिचारियों को न्याय करेंन।
पति अपनी पत्नी को हक पूरो करे; अऊर वसोच पत्नी भी अपनो पति को पत्नी ख अपनो शरीर पर अधिकार नहाय पर ओको पति को अधिकार हय; वसोच पति ख भी अपनो शरीर पर अधिकार नहाय, पर पत्नी को हय।
पर यदि हि संय्यम नहीं कर सकय, त बिहाव कर लेवो; कहालीकि बिहाव करनो कामातुर रहनो सी ठीक हय।
का तुम नहीं जानय कि तुम्हरो शरीर मसीह को शरीर को अंग आय? त का मय मसीह को अंग ले क उन्ख वेश्या को अंग बनाऊं? कभीच नहीं। का तुम नहीं जानय कि जो कोयी वेश्या सी संगति करय हय, ऊ ओको संग एक शरीर होय जावय हय? कहालीकि शास्त्र म लिख्यो हय: "हि दोयी एक शरीर होयेंन।" अऊर जो प्रभु की संगति म जुड़्यो रह्य हय, ऊ ओको संग एक आत्मा भय जावय हय।
Pureza sexual
Deus nos chama à santificação e à fuga da imoralidade. O corpo do cristão é templo do Espírito Santo e deve ser tratado com honra.
व्यभिचार सी बच्यो रहो। जितनो अऊर पाप आदमी करय हय हि शरीर को बाहेर हंय, पर व्यभिचार करन वालो अपनोच शरीर को विरुद्ध पाप करय हय। का तुम नहीं जानय कि तुम्हरो शरीर पवित्र आत्मा को मन्दिर आय, जो तुम म बस्यो हय अऊर तुम्ख परमेश्वर को तरफ सी मिल्यो हय; अऊर तुम अपनो नोहोय? कहालीकि परमेश्वर न तुम्ख दाम दे क मोल लियो गयो हय, येकोलायी अपनो शरीर सी परमेश्वर की महिमा करो।
परमेश्वर की इच्छा या हय कि तुम पवित्र बनो: अऊर अनैतिकता सी बच्यो रहो, हे आदमियों अपनी पत्नी को संग कसो पवित्र अऊर आदरनिय व्यवहार करनो चाहिये। अऊर यो काम अभिलाषा सी नहीं, अऊर नहीं उन गैरविश्वासियों को जसो जो परमेश्वर ख नहीं जानय,
जसो परमेश्वर को लोगों लायी यो सही नहाय, कि तुम म व्यभिचार अऊर कोयी तरह की अशुद्ध काम यां लोभ की चर्चा तक हो।
पर मय तुम सी यो कहूं हय, कि जो भी कोयी बाई पर बुरी नजर डालेंन ऊ अपनो मन म ओको सी व्यभिचार कर चुक्यो रहेंन।
जसो लोग दिन को प्रकाश म रह्य हय, वसोच हम सीधी चाल चले, नहीं कि काम-वासना अऊर पियक्कड़पन म, नहीं अनैतिकता अऊर लुचपन म, अऊर नहीं झगड़ा अऊर जलन म।
"तुम व्यभिचार नहीं करजो।
"तुम म सी कोयी अपनी कुटुम्ब की बाई को तन उघाड़न लायी ओको जवर मत जावो। मय यहोवा आय।" तय अपनी माय को तन उघाड़ क अपनो बाप को अपमान मत करो; वा तुम्हरी जनम देन वाली माय आय, येकोलायी तुम ओको तन मत उघाड़जो। तय अपनी सौतेली माय सी सहवास मत करजो; यो तुम्हरो बाप को अपमान होयेंन। तुम अपनी बहिन चाहे सगी होना चाहे सौतेली होना, चाहे ओको जनम घर म भयो होना यां दूसरों जागा म, ओको तन मत उघाड़जो। अपनी नातिन, जो वा बेटा की बेटी होना यां बेटी की बेटी होना ओको तन मत उघाड़जो; कहालीकि ओको अपमान तुम्हरो अपमान हय। तुम्हरी सौतेली बहिन जो तुम्हरो बाप सी पैदा भयी हय, वा तुम्हरी बहिनच आय, ओको तन मत उघाड़जो। तुम अपनी फूफू को तन मत उघाड़जो; वा त तुम्हरो बाप को जवर की बहिन आय। तुम अपनी मावसी को तन मत उघाड़ो; कहालीकि वा तुम्हरी माय की जवर की बहिन आय। तय अपनो काका तन मत उघाड़जो, मतलब ओकी पत्नी को जवर मत जावो; वा त तुम्हरी काकी आय। तय अपनी बहू को तन मत उघाड़जो; वा त तुम्हरो टुरा की पत्नी आय, ओको तन मत उघाड़जो। तय अपनी भाभी को तन मत उघाड़जो; वा त तुम्हरो भाऊ कोच तन आय। तय कोयी बाई अऊर ओकी बेटी दोयी को तन मत उघाड़जो, अऊर नहीं ओकी बेटा की बेटी को अऊर नहीं ओकी बेटी की बेटी को तन मत उघाड़जो, हि त जवर की कुटुम्बिनी आय; असो करनो महापाप हय। तय अपनी पत्नी की बहिन ख अपनाय क सौतन मत बनायजो, अऊर ओकी बहिन को जीन्दी रहतो हुयो ओको तन मत उघाड़जो।
जब कोयी बाई मासिक धर्म को वजह अशुद्ध हय, तब तक ओको जवर ओको तन उघाड़न मत जाजो। फिर अपनो पड़ोसी की पत्नी सी कुकर्म कर क् अपनो ख अशुद्ध मत करजो। तय अपनी कोयी भी सन्तान ख मोलेक देवता ख होमबलि कर क् मत चढ़ायजो, अऊर अपनो परमेश्वर को नाम ख अपवित्र मत करजो; मय यहोवा आय। तय बाई को संग सहवास को रीति सी आदमी को संग सहवास मत करजो; ऊ त घिनौना काम आय। तुम कोयी पशु सी कुकर्म कर क् खुद ख अशुद्ध मत करो, अऊर नहीं कोयी बाई कुकर्म करन को उद्देश सी कोयी पशु को सामने जाये; यो त अनर्थ हय।
हि अपनो आप ख बुद्धिमान समझय हय, पर हि मूर्ख बन गयो हय, अऊर अविनाशी परमेश्वर की महिमा ख नाशवान आदमियों, अऊर पक्षिंयों, अऊर जनावरों, अऊर रेंगन वालो जन्तुवों की मूर्ति की समानता म बदल डाल्यो।
यो वजह परमेश्वर न उन्ख उन्को हर एक मन की इच्छावों को अनुसार अशुद्धता लायी छोड़ दियो कि हि आपस म अपनो शरीर को अनादर करे। कहालीकि उन्न परमेश्वर की सच्चायी ख बदल क झूठ बनाय डाल्यो, अऊर सृष्टि की उपासना अऊर सेवा करी, जेक परमेश्वर न बनायो, न कि ऊ सृष्टिकर्ता की जो हमेशा धन्य हय! आमीन।
येकोलायी परमेश्वर न उन्ख नीच कामनावों को हाथों सौंप दियो; यहां तक कि उन्की बाईयों न भी स्वाभाविक योन सम्बन्ध को बजाय अस्वभाविक योन सम्बन्ध रखन लगी। वसोच आदमी भी बाईयों को संग स्वाभाविक व्यवहार छोड़ क आपस म कामातुर होय क जलन लग्यो, अऊर आदमियों न आदमियों को संग निर्लज काम कर क् अपनो भ्रम को ठीक फर पायो।