पवित्र आत्मा का उतरणा
1 यहूदियाँ के पिन्तेकुस्त त्यौहार के दिन, यीशु के चेल्लें एक जगहां कठ्ठे थे। 2 चाणचक अकास तै तेज आँधी जिसी आवाज आई, अर उसतै सारा घर जित्त वे बेठ्ठे थे, गूँजग्या। 3 अर उननै एक आग की लपट दिक्खी, जो जीभ के समान थी, वा आग की लपट अलग-अलग होकै उन सब कै उप्पर आ उतरी। 4 वे सारे पवित्र आत्मा तै भरगे, अर जो वरदान पवित्र आत्मा नै उन ताहीं दिया, उसके मुताबिक वो अन्य-अन्य भाषा बोल्लण लाग्गे।
16 जो थम म्हारै साथ होते होए देखण लागरे सों, यो योएल नबी कै जरिये कही गई भविष्यवाणी का पूरा होणा सै।
17 "‘परमेसवर कहवै सै, के अन्त के दिनां म्ह इसा होवैगा के मै अपणा आत्मा सारे माणसां ताहीं दियुँगा,’ अर थारे बेट्टे अर थारी बेट्टी भविष्यवाणी करैगी, अर थारे जवान दर्शन देखैगें, अर थारे बुजुर्ग सपना देक्खैगें।"
38 पतरस नै उनतै कह्या, "पाप करणा छोड़ द्यो, अर थारे म्ह तै हरेक अपणे-अपणे पापां की माफी कै खात्तर यीशु मसीह कै नाम तै बपतिस्मा लेवै, जिब थम पवित्र आत्मा का दान पाओगे।
41 आखर जिननै उसके वचन पै बिश्वास करकै बपतिस्मा लिया, अर उस्से दिन तीन हजार माणसां कै करीबन उन म्ह मिलगे।