18 सझ पत ह, क जड कई परमशवर द बचच ह, स लगतर पप न करद; कयक परमशवर द पतर यश मसह उद रकष करद ह कन शतन उसय छई न सकद।
18 सझ पत ह, क जड कई परमशवर द बचच ह, स लगतर पप न करद; कयक परमशवर द पतर यश मसह उद रकष करद ह कन शतन उसय छई न सकद।