16 असात हीयु आपणी आखी पत्री मां बी हीना वातेन पंचाती करली छे, जेरेमां काय वात असी छे तींद्रो समजणु काठो छे, ने कम-सीकला ने नी-भन्नला माणसे बीगाड़ देय जसा की चे दीसरी चुखला सास्तुरेन चिट्ठीन दत थता मतलब नीकाळता रवे जेरेसी चे खुद आपणात नास कर लेय।