4 काहाकी भगवानेन कवलु, तारा आयस-बासेन अबरु राख्जी, ने जे कुय बास नीते माय काजे भुंडात करीन कहें, तीनाक मार नाखु।
4 काहाकी भगवानेन कवलु, तारा आयस-बासेन अबरु राख्जी, ने जे कुय बास नीते माय काजे भुंडात करीन कहें, तीनाक मार नाखु।