17 काहाकी भगवानेन राज खाणे पीणेन नी हय, बाकुन धरमेन साहरे ने सांती ने ची खुसी छे ज्य चुखली-आत्मा सी हवे।
17 काहाकी भगवानेन राज खाणे पीणेन नी हय, बाकुन धरमेन साहरे ने सांती ने ची खुसी छे ज्य चुखली-आत्मा सी हवे।