28 आपणु काजे मालम छे की जे माणसे भगवान सी परम करे, तींद्रे वाटे आखी वात मेळीन भलाय काजे उबजाड़े; मतलब हींद्रे वाटे जे भगवानेन अनसारे बुलावला छे। 29 जीनुक भगवान पेहलुत सी नेवाड़ी की हीनुक पेहलुत सी आपणा पुर्यान रुप मां ठेरावे काहाकी बेसका भायस मां चु आखा सी मट्लु भायस बण सके।