25 हे डउको अपन डउका लग माया करा जसना मसीह मंडली लग माया करके खुदय के ओखर निता दइ दइस। 26 कि उके बचन के दवारा पानी लग सुध्द करके पवितर करै। 27 अउ उके अक्ठी असना तेज मंडली बनाय के अपन लिघ्घो ठाढ करै, जेहमा न दाग, न झुर्री, न कउनो अउ असना चीज होय, बलुक पवितर अउ निरदोस होय। 28 इहैमेर जरूरी हबै कि डउका अपन डउकी लग अपन देह के जसना माया करै। जउन अपन डउकी लग माया करथै, ऊ खुदय लग माया करथै। 29 काखे कउनो कबहुन अपन देह लग बैर नेहको करथै, बलुक ओही पालन पोसन करथै, जसना मसीह मंडली के संग करथै।