11 जबकि यो सब समान इनीये रीति छे पीगवनेवावी छे, तो तुमू चुखलो चाल चालीन आरू भक्ति मा कोसो मानुस होयनो जूवे। 12 आरू यहोवा–भगवान क उना दाहड़े की वाट काही रीति छे जोहना जूवे आरू ओका जल्द आवने क करता कोसो यत्न करनो जूवे ओका कारण आकाश आगठा छे पीगवी जाछे, आरू आकाश क गुण घोणा ही तप्त हईन गव जाछे। 13 3:13 प्रकाशितवाक्य 21:1पर ओकी प्रतिज्ञा क लारे हामु एक नवो आकाश आरू नोवली धरती की आस देखता छे जिनमा न्यायपन वास करसे।