16 पर विटळ बकवाद छे वाच रया, काहकि ओसा मानसे आरू भी ढोंगी भक्ति मा बढ़ता जाय। 17 आरू जिन्दरो वचन सड़े घाव की तरह पसरती जाछे। हुमिनयुस आरू फिलेतुस तीनु मा छे।
Publicidade
16 पर विटळ बकवाद छे वाच रया, काहकि ओसा मानसे आरू भी ढोंगी भक्ति मा बढ़ता जाय। 17 आरू जिन्दरो वचन सड़े घाव की तरह पसरती जाछे। हुमिनयुस आरू फिलेतुस तीनु मा छे।