तीन पाविया क उदाहरण
14 25:14 लूका 19:11-27 "काहकि सोरग क राज्य उना मानुस क समान छे, जो दिसरा देश जाते समय आपसा दास क बुलावीन आपसी संपत्ति दास क दी दियो।" 15 त्यो एक क पाच हजार सोना क सिक्का, आरू दिसरा क दूय हजार सिक्का, आरू तीसरा क एक हजार एक जन क ओकी शक्ति क अनसारे दी दियो, आरू तव आपनी यात्रान करता दिसरा देश मा चली गियो। 16 तव, जिनाक पाच हजार सोनान सिक्का मुविया हुता, उनाक तत्काल जाईन उका सी लेनो–देनो करियो, आरू पाच सिक्का आरू कमायो। 17 बाकुन जिनाक दूय मुवियो हुतो, त्यो भी दूय हजार सोनान सिक्का आरू कमायो। 18 बाकुन जिनाक एक हजार सोनान सिक्का मुवियो हुतो, त्यो जाईन धरतीक खुंदियो आरू मालिकन धन गाड़ीन सातीन दियो।
19 "बैस दाहड़ा क बाद मा त्या सेवक न मालिक आवीन उन दास सी हिसाब लेने लाग गया।" 20 जिनाक पाच सिक्का जुड़्या हुता, त्यो पाच हजार सोनान सिक्का लावीन कयो, "ए मालिक, तु मेखे पाच हजार सोनान सिक्का आपलो हुतो, देख हाव पाच हजार सोनान सिक्का आरू कमाय लेदु छे।" 21 ओको मालिक उका सी कयो, शाब्बास वारला आरू विश्वास योग्य दास, तु थुड़ाक मा विश्वासयोग्य रयो; हाव तुखे बैस चीजोन हकदार बनावीस। थारा मालिकन खुशी मा मेळाको हय।
22 "आरू जिनाक दूय सिक्का जड़ला हुतो, त्यो भी आवीन कयो, ए मालिक तु मेखे दूय सिक्का जड़ला आपलो हुतो, देख, हाव दूय तुड़ा आरू कमायो।" 23 उको मालिक उका सी कयो, शाब्बास वारला आरू विश्वासयोग्य दास, तु थुड़ाक मा विश्वास योग्य रयो, हाव तुखे बैस चीजोन हकदार बनावीस थारा मालिकन खुशी मा मेळाको हय।
24 "तव जिनाक एक हजार सोनान सिक्का मुवलो हुतो, त्यो आवीन कयो, ‘ए मालिक हाव जानतो हुतो, कि तु वातड़ो मानुस छे: तु जा नी वेरे वा काटे, आरू जा नी छाटे वा सी एखटा करे।’ 25 अतरानकरीन करीन हाव बीह गियो आरू जाईन थारा तुड़ाक सिक्का धरतीम साती दियो; देख, जो थारो हुतो, त्यो यो छे।"
26 उको मालिक उका सी जवाब देदो, कि ए दुष्ट आरू आलसिया दास; जव तु यो जानतो हुतो, कि जा हाव नी वेरो वा सी काँटो; आरू जा हाव नी वेरीया वा सी एखठा कर। 27 तो तुखे तारो धन महायाजक क या जमा करनु हतु। तव हाव वापस आपने पे ब्याज सहित ली लता। 28 अतरानकरीन त्यो एक हजार सोनान सिक्का उका सी ली लेदो, आरू जिनाक पास मा दस हजार सोनान सिक्का, उको आप देदो। 29 25:29 मत्ती 13:12; मरकुस 4:25; लूका 8:18काहकि जिना कोय क पास छे, उको आरू भी दे दियो जासे; आरू उका पास बैस हुय जासे; बाकुन जिना पास नी हुय, उका सी त्यो भी जो उका पास छे ली जासे। 30 आरू ओका निक्कमा दास क बाहरते आंधारामा न्हाख देवु, जा रड़नु आरू दात पीसनु पड़से।