2 यो आकुल्यक हइ की मुखियो नीर्दोष, अरु एक मेय बायको को अदमी, संयमी, सुशील, सभ्य, अतिथी-सत्कार करणवालो,अरु सिखाना मे नीपुण हुये. 3 पियक्कड या मारपीट करणवालो नी होनु. पन नाजुक होनु, अरु नी झगडा लुका अरु नी धन को लोभ होनु. 4 अपना घर को अच्छो प्रबन्ध करस हुये खे अरु अपनो बाल बच्चा का सब गम्भीरता से अधीन मे रखस हुये.