12 अखमीर रोटी को तीवार का पहिला दिन, जब फसह का बलि दान करता था, वे दिन ओका सेवक होन ओखे बोल्यो, "तु का चाहस हइ की हम जइ के तरा लिये फसह खान की तैयारी कर्ये?"
26 भजन गान का बाद वे जैतून की टेकडि पर चली दियो.
पतरस का लिये भविष्यवानी
(मत्ती 26:31-35; लूका 22:31-34; यहून्ना 13:36-38)
32 अरु वे गतसमनी नाम को जगा मे आया; अरु ओने अपना सेवक खे बोल्यो, "तुम ह्या बठ्या र्हे, जब तक मी प्रार्थना कह्यू."
43 उ यो बोली मे रो थो यहूदा, जो बारा झन मे से एक थो, अपना साथ, महायाजकहोन अरु शास्त्रिहोन अरु बापदादाहोन का तरफ से एक बडि गर्दी लइ तलवारहोन अरु लकडि होन लिया हुया तुरुत अय, पहुच्यो.
46 तब उनने ओखे पकडि खे गिरफ्तार बंदी बनइ लीयो.