आत्मा के अनुसार चलो
16 परंतु मैं कहता हूँ, आत्मा के अनुसार चलो, तो तुम शरीर की अभिलाषाओं को किसी भी रीति से पूरा नहीं करोगे।
22 परंतु आत्मा का फल प्रेम, आनंद, शांति, धैर्य, कृपा, भलाई, विश्वासयोग्यता, 23 नम्रता और संयम है। ऐसी बातों के विरुद्ध कोई व्यवस्था नहीं है। 24 अब जो मसीह यीशु के हैं उन्होंने अपने शारीरिक स्वभाव को वासनाओं और लालसाओं समेत क्रूस पर चढ़ा दिया है।