19 जहाँ बहुत बातें होती हैं10:19 जहाँ बहुत बातें होती हैं: अर्थात् शब्दों की अधिकता से गलती सुधारी नहीं जा सकती। सुधार करनेवाले और अपराधी दोनों का चुप रहना अधिक उत्तम है। , वहाँ अपराध भी होता है,
परन्तु जो अपने मुँह को बन्द रखता है वह बुद्धि से काम करता है।