13 काहे कि जब बकरा हुन अर बईल हुन को खून अऊर जलयो वाला बच्छा की राख ख असुध्दता अदमी पर छिड़को जानो सरीर कि अच्छाई को लाने उन ख सुध्दता करयो हैं, 14 ते मसी को खून जे न अपनो तुम ख अनन्त आत्मा को दुवारा परमेस्वर को सामने बेकसूर चढ़ायो, तुमारो विवेक को मरो हुओ कामो से काहे नी सुध्द करेगों ताकि तुम जिन्दा परमेस्वर की सेवा करो।