सुखियो अंजीर को झाड़ से सिखनू
20 फिर सुबेरे उठ ख जब वी उते से जात रह, ते उन न उ अंजीर को झाड़ ख ऊपर से नीचू जड़ तक सुकियो देखो। 21 पतरस ख वा बात याद आ गई, अर ओ न ओसे कही, "गुरू, देख! यू अंजीर को झाड़ ख जेखा तुना बददुवा दियो रह, सुख गयो हैं।"
22 यीसु न ओखा कहयो, "परमेस्वर पर भरोसा रखो 23 मी तुमका सच्ची बोलू हैं, कि जे कोई यू टेकड़ा से कहे ‘तु उखड़ जा, अर समुंदर म गिड जा,’ अर अपनो मन म सक नी करन को पर भरोसा करे कि, जे बोलू हैं। उ हो जाहे, ते ओको लाने उयी होयगो। 24 येको लाने मी तुम से कहू हैं। कि जे कुछ भी तुम बिनती कर ख माँगे, ते भरोसा कर लेनू कि तुम ख मिल गयो; अर उ तुमारो लाने होयगो। 25 जब कभी तुम खड़ा हो ख बिनती करा हैं ते अदि तुमारा मन म कोई ख बारा म गुस्सा होए; ते माप करनु; येको लाने कि तुमरो स्वर्ग म रहन वालो परमेस्वर बाप भी तुमरो पाप माफ करे।