51 मी तुमूह मालमात ने वात केथु, आपु आखा नाय मोरहु, पुण आखा बोदली जाहु, एने ज्यो एकुस ताल माय पापण्या पाड़तास सेवली पावली फुकतास एय। 52 काहाकाय पावली फुकाय जाय एने मुरेल सेरीर बिगेर खेतेम एण्यी हाल माय उठ जाती, एने आपु बोदेल जाहो।
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