विश्वासियों और अविश्वासियों में मेल-जोल असंभव
14 अविश्वासियों के साथ असमान संबंध में न जुड़ो. धार्मिकता तथा अधार्मिकता में कैसा मेल-जोल या ज्योति और अंधकार में कैसा संबंध? 15 मसीह और शैतान में कैसा मेल या विश्वासी और अविश्वासी में क्या सहभागिता? 16 या परमेश्वर के मंदिर तथा मूर्तियों में कैसी सहमति? हम जीवित परमेश्वर के मंदिर हैं. जैसा कि परमेश्वर का कहना है:
मैं उनमें वास करूंगा,
उनके बीच चला फिरा करूंगा,
मैं उनका परमेश्वर बनूंगा,
और वे मेरी प्रजा.6:16 लेवी 26:12; येरे 32:38; यहेज 37:27
17 इसलिये,
"उनके बीच से निकल आओ
और अलग हो जाओ,
यह प्रभु की आज्ञा है.
उसका स्पर्श न करो, जो अशुद्ध है,
तो मैं तुम्हें स्वीकार करूंगा."6:17 यशा 52:11; यहेज 20:34, 41