Pular para o conteúdo
Publicidade

Atos 15

िनगर ें मतभ

1 यकि यहिरदिनगर आकर रभिों यह िलगे, "यवसअनयदि तनउदअसभव ै." 2 इस िषय ें और रनबउनकगहरमतभगयऔर उनमें उगििगया. तब एक मत कर यह िचय िगयि और रनबअनिों इस िषय पर िर-विमरउदिों और रनिों शलि. 3 कलिउनें ििा. तब ़ॉयनितथशमरिरदों आगबढ़े और वहां र-यहिों मसििवरणन करतगए िसससभिों ें अपहरलहर गई. 4 उनकशलपहुंचनपर कलिा, िों तथरनिों उनकगत िा. और रनबउनें उन सभों िवरण िा, परमवर उनकयम िे.

5 िंरदिकलकर आए ििें कहनलगे, "आवशयक ि र-यहिों तनऔर उनें यवसलन करनिि."

6 ितथइस िषय पर िर-विमरउदइकट. 7 एक िर-विमरतरखड़े और उनोंसभिकरतकहा, "ियजन, आपकयह ि समय पहलपरमवर यह सहसमझि र-यहईशवरसमें और िकरें. 8 मनों ांचनपरमवर हमउनें पविआतरदकरकइसकगवी. 9 उनोंउनकदय िकरकहमऔर उनकरहनिा. 10 इसलिअब इन िों गरदन पर वह रखकर परमवर ों परख रहो, िहम और हमवज उठ? 11 हमियह ि रभमसअनरह हमउदउनका."

12 रनबऔर षण सभसभसदसपचरहि परमवर िरकउनकयम र-यहिों अदििैं. 13 उनकषण खतपर सभििा, "ियजन, ियह ै: 14 िमओन इस ओर हमआकरििि ें परमवर िरकर-यहिों ें अपनिरजिकरनें ि रकट ै. 15 भवियदवकअभिइसकसमरथन करतैं, ि िै:

16 " इन घटनैं आऊ

और वसडप बना.

और डहरों बनकर

िखड़ा करूंा,

17 िससनव ि परमवर सके, तथसभर-यही,

िपर लगै.’

यह उनीं रभआवै,15:17 आमो 9:11, 12

18 तन इन ों रकट करतआए ैं.15:18 कुछ हस्तलेखों में: "प्रभु का कार्य उन्हें बहुत पहले से पता है"

19 "इसलिसलयह ै, ि हम उन र-यहिों िकठिउतपन्‍करें, परमवर ओर िरहैं. 20 परअचयह ि हम उनें यह आजिें ि िों अशधतबचरखें, तथगलोंकर गए पशांरहें और लहवन करें. 21 रहे: यह उसयवसअनिसकचन वकहर एक शबपर यहसभों ें िै."

िों अभि

22 इसलिकलििों और रनिों यह सहलगि अपनयकिों नकर तथरनबिनगर ि. उनोंइसकियह, िरसबतथिा. उनकरधे. 23 उनकपतयह ा:

िों, रनिों तथइयों ओर े:

ि़, ितथिििरदर-यहििो,

आप सभनमस!

24 हमें यह ि हममधहरयकिों अपनों मनों िचलिकर िै. 25 अतहमनएक मत हमििरनबतथयकिों जनसहसमझा. 26 ैं, िोंहमरभमसिअपनों िउठै. 27 इसलिहम यहऔर रहैं ि वयउनीं इस िषय सक28 ोंि पविआततथवयहमें यह सहलगि इन आवशयक ों अलपर और : 29 िों चढ़ागए जन, लहू, गलोंकर गए ों ांवन तथपररहो. यहिउततम ै.

सबका!

30 वहां िकलकर िनगर पहुंऔर उनोंवहां कलिइकटकर वह पतउनें ौंिा. 31 पतपढ़े पर उसकउतबढ़ाबहआनि. 32 यहतथे, वयभवियवके, ततवपों िों िऔर ििा. 33 उनकसमय वहां ठहरनउनोंउनें ांिवक उनीं िा, िोंउनें यहां ा. [34 िंवहीं ठहररहनसहलगा.]15:34 कुछ प्राचीनतम मूल हस्तलेखों में यह पाया नहीं जाता 35 और रनबिनगर ें अनअनों रभवचन ितथरचकरतरहे.

तथरनबअलग

36 िरनबकहा, "आइए, हम ऐसहर एक नगर ें िसमें हमनरभवचन रचिऔर वहां िों आतििि यज़ा ें." 37 रनबइचि वह हन ो, िनकउपना, अपनचलें 38 िंबलपवक कहतरहि उनें िोंि वह पम़ूिनगर ें उनकऔर अधचलगए े. 39 इस िषय कर उनमें ऐसकठिि एक सरअलग गए. रनबकर रस चलगए. 40 िों रभअनरह ें ौंकर ी. 41 ितथिििरदों कलििकरतआगबढगए.

Veja também