2 ओह परमेसर के भक्त रिहिस अऊ अपन जम्मो परिवार के संग परमेसर के भय मानय। ओह जरूरतमंद ला उदार मन से दान देवय अऊ परमेसर ले हमेसा पराथना करय।
15 फेर दूसर बार पतरस ओ अवाज सुनिस, "जऊन कुछू ला परमेसर ह सुध करे हवय, ओला तेंह असुध झन कह।"
28 "तुमन जानत हव कि येह हमर यहूदी कानून के बिरोध म अय कि एक यहूदी ह आनजात के संगति करय या ओकर इहां जावय। पर परमेसर ह मोला देखाय हवय कि मेंह कोनो मनखे ला असुध या मईलाहा झन कहंव।
34 तब पतरस ह कहे के सुरू करिस: "अब मेंह जान गेंव कि येह सच ए कि परमेसर ह काकरो पखियपात नइं करय, 35 पर हर जाति के मनखेमन ला गरहन करथे, जऊन मन ओकर भय मानथें अऊ सही काम करथें।
44 जब पतरस ह ये बचन कहत रिहिस, तभे पबितर आतमा ओ जम्मो झन ऊपर उतरिस, जऊन मन संदेस ला सुनत रहंय।