8 ओमन परमेसर के कानून के किताब ले पढ़िन अऊ ओकर अनुवाद करत मतलब घलो बतात गीन, जेकर ले मनखेमन पढ़े गय भाग ला समझंय घलो।
9 तब राजपाल नहेमियाह, एजरा पुरोहित अऊ कानून के गुरू, अऊ ओ लेवी, जेमन मनखेमन ला समझावत रिहिन, ओमन जम्मो मनखेमन ले कहिन, "आज के दिन ह यहोवा तुम्हर परमेसर बर पबितर दिन अय। एकरसेति सोक झन मनावव या झन रोवव।" काबरकि जम्मो मनखेमन कानून के बचन ला सुनके रोवत रहंय।
10 नहेमियाह ह ओमन ले कहिस, "जावव अऊ अपन पसंद के खाना खावव अऊ मीठा रस पीके आनंद मनावव, अऊ जेमन रांधे नइं हवंय, ओमन बर कुछू जेवन पठोवव। आज के दिन ह हमर परभू बर पबितर दिन अय। दुखी झन होवव, काबरकि यहोवा के आनंद ह तुम्हर बल अय।"
11 लेवीमन जम्मो मनखेमन ला ये कहिके चुप कराईन, "सांत रहव, काबरकि आज एक पबितर दिन अय। दुखी झन होवव।"
12 तब जम्मो मनखेमन खाय-पीये बर, आने मन ला कुछू जेवन पठोय बर अऊ आनंद मनाय बर चले गीन, काबरकि जऊन बचन ओमन ला बताय गे रिहिस, ओला ओमन समझ गे रिहिन।