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रूत 1

8 तब ओमअपन ों बहिमन कहि, "मन ों अपन-अपन यकलहुंववजइसनमन अपन मर घरवमन ऊपर अऊ ऊपर िरपकरहवव, वइसनयहहर ऊपर िरपकरय9 यहहर अइसनकरय ि मन िकरकअपन-अपन घरवमन घर अरवव"

तब ओमअपन ों बहििकरबर ि, अऊ ों ििा-ििवन लगि10 अऊ ओमन ओमकहि, "हमन मनखमन करिो।"

11 पर ओमकहि, "मन, अपन घर लहुंववमन बर आहू? ेंअऊ मन जनम वइय, जऊन मन हर घरवीं? 12 मन, अपन घर लहुंवव; बरकि ेंअपन िअऊ घरवबनबर बहुंकरहवयदि ेंि अभघलबर आसहवयअऊ यदि आज रथिघरववय अऊ मन घलजनम13 मन ओमन जववत तक तजकरहू? ओमन बर िगर िकरठहिरहिू? मन, अइसनझन वयहर बढअय, बरकि यहांिउठहवय!"

14 नकओमन ििा-ििईनतब ओरपअपन िईस, पर अपन नइों़ि

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