6 कानी बी वात नी फीकर ना करो; पण आखी वात मे तमारी वीन्ती अने रावण्या नी लारे घण वारु से केता जाय्न भगवान अगळ आवो। 7 तत्यार भगवान नी सांती, जे आखी ह़मज गेथी अलग से, तमारा हीय्या मन ने मसी ईसु मे रखवाळी करहे।
8 एतरे ए भायु, अने बेन्या जे-जे वात ह़ाचली से, अने जे-जे वात ईज्जत करे एवी से, अने जे-जे वात वारु से, अने जे-जे वात चोखली से, अने जे-जे वात ह़ुबे एवी से, अने जे-जे वात मन ने गमे एवी से, काहाके, जे बी वारला गुण अने वारु केय एवी वात से, तीनी पोर ध्यान लगाड़्या करो। 9 जे वात तमु मारी सी ह़ीक्या, अने आवरी लेदा, अने ह़मळ्या, तीनी पाळनी कर्या करो, तत्यार भगवान जे सांती नो झोर से तमारी ह़ाते रेहे।