4 मंघा यूसुफ अखीन मरियम, आपरो नाव लिखावन काजी गलील को नासरत नगर ले, यहुदिया मा दाऊद को नगर बैतलेहम मा गईन। 5 वहान दूई युसूफ अना मरियम जोनको पक्की भयी होती जायके आपरो नाव लिखवान गईन। 6 जब उ दोई वोच नगर मा होतीन, तब मरियम को जचकि को बेरा भई गयी।
चरवाहागिन ला सरगदूत को सन्देसा
7 उनको रुकन को लाय सराय मा, जघा नही होतो। यो काजी वय गाई-बईल को कोठा मा रुकिन। अखीन वोको पयलो टूरा वहांच भयो, अखीन वोला कपरा मा लपेट केना, गव्हान मा राखीस।