25 तुम भेंड़ के जैसी रहौ जो अपनी राह हरबाए डारी रहैं, लेकिन अब तुमकै मन और आत्मन के बरदिया और रक्छक को अनुसरँड़ करन के ताहीं लौटाय लाओ गौ है।
25 तुम भेंड़ के जैसी रहौ जो अपनी राह हरबाए डारी रहैं, लेकिन अब तुमकै मन और आत्मन के बरदिया और रक्छक को अनुसरँड़ करन के ताहीं लौटाय लाओ गौ है।