सातवी मुहर
1 जब मेम्ना सातवी मुहर खोली, तौ स्वर्ग मैं लमसम आधे घंटा ले सन्नाटा पसरो रहो। 2 और मैं बे सातौ स्वर्गदूतन कै देखो जो परमेस्वर के सामने ठाड़े रहैं, और उनकै सात तुरहियाँ दई गईं।
3 फिर एक और स्वर्गदूत सोने को धूपदान लै भौ आओ, और बेदी मैं ठाड़गौ। बाकै परमेस्वर के सब पवित्र लोगन की प्रार्थना मैं जोड़न के ताहीं और सिंहासन के सामने सोने की बेदी ऊपर चढ़ान के ताहीं भौत धूप दई गई रहैं। 4 और बौ धूप को धुआँ पवित्र लोगन की प्रार्थना समेत स्वर्गदूत के हात से परमेस्वर के सामने पौहौंच गौ।8:4 भजन संहिता 141:2 5 तौ स्वर्गदूत धूपदान8:5 जोसे धुआँ निकरथै लैकै बेदी की आगी से भर दईं, और धरती मैं फेंक दई। जोसे बादर गड़गड़ान लागो और बिजली की चमक और हालाचाला होन लागो।