4 एकै सरीर है, और एकै आत्मा; जैसे कि जो आसा के ताहीं परमेस्वर तुमकै बुलाई है बौ भी एक है। 5 एक प्रभु है, एक बिस्वास, और एक बपतिस्मा है; 6 सबै लोगन को एकै परमेस्वर और दऊवा है; जो सबन को प्रभु है, बौ सबन के जरिया से काम करथै, और सबन मैं है।
15 जाके बजाय, प्यार की आत्मा मैं सच बोलकै, हमकै हर तरह से मसीह के ताहीं बढ़नो चाहिए, जो मुड़िया है। 16 बाके बस मैं सरीर के सबै अलग-अलग हिस्सा एक संग ठीक तरीका से बैठे होथैं, और पूरे सरीर कै एक संग हर जोर गाँठ से रखो जाथै, जैसे कि होनो चाहिए तभई जब हर अलग हिस्सा काम करथै तौ पूरो सरीर बढ़थै, कि बौ प्रेम मैं उन्नति करत जाए।