19 6:19 5:2,3 "धरती मैं अपने ताहीं धन मत जोरौ, जहाँ कीरा और काई खतम कर देथैं, और चुट्टा चुराय लै जाथैं। 20 6:20 मत्ती 19:21बल्कि स्वर्ग मैं अपने ताहीं धन जोरौ, जहाँ ना कीरा और ना काई नास कर पाबै, और चुट्टा भी हुँआँ सेंध लगाये कै चुराय न सकथैं। 21 काहैकि जितै तेरो धन उतै तेरो मनौ भी लगो रैहगो।"
सरीर की जोती
(लूका 11:34-36)
22 "सरीर को दिया आँखी है। अगर तेरी आँखी ठीक है तौ तेरो पूरो सरीर उजियारो मैं रैहगो; 23 लेकिन अगर तेरी आँखी खराब है, तौ तेरो सरीर अंधियारे मैं होगो। तभई सिरफ जो उजियारो जो तेरे भीतर है अगर अंधियारो हुई जाए तौ अंधियारो कित्तो गहरो होगो!"
परमेस्वर और सम्पत्ति
(लूका 16:13; 12:22-31)
24 "कोई भी एक संग दुई मालिक की सेवा नाय हुई सकथै; काहैकि बौ एक से नफरत करैगो, और दुसरे से प्यार करैगे; एक के प्रति बफादार रैहगो और दुसरे को तिरस्कार करैगो। तुम धन की और परमेस्वर की सेवा नाय कर सकथौ।"