यरूशलम की जमात के लिए चंदा
1 रही चंदे की बात जो यरूशलम के मुक़द्दसीन के लिए जमा किया जा रहा है तो उसी हिदायत पर अमल करें जो मैं गलतिया की जमातों को दे चुका हूँ। 2 हर इतवार को आपमें से हर कोई अपने कमाए हुए पैसों में से कुछ इस चंदे के लिए मख़सूस करके अपने पास रख छोड़े। फिर मेरे आने पर हदियाजात जमा करने की ज़रूरत नहीं पड़ेगी। 3 जब मैं आऊँगा तो ऐसे अफ़राद को जो आपके नज़दीक क़ाबिले-एतमाद हैं ख़ुतूत देकर यरूशलम भेजूँगा ताकि वह आपका हदिया वहाँ तक पहुँचा दें।