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Servir

Por Bíblia Online

Servir é o coração do evangelho. Jesus não veio para ser servido, mas para servir. O cristão é chamado a seguir esse exemplo, colocando-se a serviço de Deus e do próximo.

O exemplo de Jesus

Cristo é o modelo supremo de serviço. Ele lavou os pés dos discípulos e deu a própria vida como resgate por muitos.

बरकि मनखअपन करवबर नइआईस, पर एकर िआईस ि ओह आनमन करय अऊ बहुंझन ़ौबर अपन परवय"

जइसि मनखअपन करवबर नइआईस, पर एकर िआईस ि ओह आनमन करय अऊ बहुंझन ़ौबर अपन परवय"

मन अइसननइवयपर जऊन मन बड़े हथे, ओह हर वक बनय, अऊ जऊन मन पहिहथे, ओह हर बनय

जब ेंहर परभअऊ हर , तब मन घलएक-दसर ी।

बईठू, रह मन बलकहि, "कहूं सबलबड़े हथे, ओह सबलअऊ सब वक बनय"

Servindo ao Senhor

Servir a Deus é um privilégio e uma ordenança. Devemos amá-lo de todo coração e servi-lo com alegria e fidelidade.

पर यदि यहकरई मन बननइलगय, आज मन अपन बर लव ि मन कर करहू, वतमन े, मन हर रखमन फरनदकरत िि, अममन वतमन े, मन मन रहत हवपर जहां तक अऊ परि, हमन यहकरबो।"

पर यहवक िअऊ िनव: यहअपन परमसर मयकरव, ओकर रसतचलव, ओकर ममन लन करव, ओकर भकि मगन रहव अऊ अपन जममन अऊ जमपरओकर करव"

यहभय नव

अऊ अब, इसरयलमन, यहहर परमसर मन हथे, ि ििमन यहअपन परमसर भय नव, ओकर चलव, ओकर मयकरव, यहअपन परमसर अपन मन अऊ अपन आतमकरव, अऊ यहअऊ ििमन लन करव, ेंआज मन हर भलई बर वत ?

यहहर परमसर , कर मन चलनजर, अऊ जरि मन ओकर आदर करवओकर लन करव अऊ ओकर नव; ओकर करव अऊ ओलकसकरहव

म-बकरअलझन करव; पर परभकरत अपन आतमिउतबनरखव

तब मस, जऊन िरदिि, सदआतमजरिअपनआप परमसर ेंचघओकर लहहमर िममन बहुंकरथे, ि हमन यत परमसर कर सकन!

Servir ao próximo

A liberdade cristã nos chama a servir uns aos outros pelo amor. Cada dom recebido é para edificação do corpo de Cristo.

पबितर आतमिनग

ईमन ो, मन तर बर बलरहपर अपन तरतउपयकरबर झन करव, पर नममयएक-दसर करव

तर मनखमन सहीं रहव, पर अपन तरतआडरई झन करव; परमसर वकमन सहीं रहव

यदि करथे, ओह जरवय; िां ेंहव, उहां वक घली। यदि करथे, ददओकर आदर करही।

"मनखझन िनइकर सकयओह एक झन नफरत करहअऊ सर झन मया; ओह एक झन बर समरपिरहिअऊ सर झन नही। मन परमसर अऊ धन ों नइकर सकव

अपन ें एक धन अधरमकरबर झन सऊपव, पर अपनआप मरयत नकपरमसर सऊवव अऊ अपन ें गमन धरमकरबर ओलदव

Fidelidade e recompensa

O servo fiel e sábio será recompensado pelo Senhor. A fidelidade no serviço honra a Deus e produz frutos eternos.

"ओकर िओलकहि, बहुंअछकरयेंबनअऊ ईमनदवक असेंरकन ईमनदरहयेंबहुंजमन ऊपर अधिूं। अऊ अपन ििा।’

एकरसि, मयईमन ो, मजबअऊ अटल रहवपरभबर अपनआप हमदव, बरकि मन नथव ि जऊन हनत मन परभबर करथव, ओह नइवय

परमसर जमबचन परमसर पररनिहवय अऊ उपदबर, गलतांबर, बर अऊ धरमपन िकछबर उपय, ि परमसर जन िबनय अऊ हर बनबर िसकय

यहओकर ांमजबकरथे,

जऊन यहरहिे;

यहअपन वकमन बची;

अऊ जऊन ओकर करसरन े, ओह नइठहिरही।

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