इफिसियाँ खात्तर प्रार्थना
14 मै इस्से कारण उस पिता परमेसवर कै आग्गै घुटने टेक कै प्रार्थना करुँ सूं। 15 वोए सै जो सुर्ग अर धरती पै, हरेक वंश का पिता सै। 16 मै प्रार्थना करुँ सूं, के परमेसवर अपणी महिमा के असीमित धन के मुताबिक थारे पै अनुग्रह करै, ताके थम उसकी पवित्र आत्मा तै अपणे भीतरी माणसपण म्ह सामर्थ पाकै शक्तिशाली होन्दे जाओ। 17,18 अर बिश्वास कै जरिये मसीह म्हारै मन म्ह बसै, ताके थम प्यार म्ह मजबूत होकै बणे रहों, अर सारे पवित्र माणसां कै गेल्या आच्छी ढाळ समझण की ताकत पाओ, के उसके प्यार की चौड़ाई, लम्बाई, अर ऊँचाई, अर गहराई कितनी सै। 19 मै प्रार्थना करुँ सूं, के थम मसीह के उस प्यार नै जाण सको जो ज्ञान तै परै सै, ताके थारा सुभाव परमेसवर के सुभाव जिसा हो जावै।