9 वे राजा की बात सुणकै चले गए, अर जो तारा उननै पूरब दिशा म्ह देख्या था, वो उनकै आग्गै-आग्गै चाल्या। अर जड़ै बाळक था, उस घर कै उप्पर जाकै रुक ग्या। 10 उस तारे नै देखकै वे घणे आनन्दित होए, जो उस घर के उप्पर रुक ग्या था।
9 वे राजा की बात सुणकै चले गए, अर जो तारा उननै पूरब दिशा म्ह देख्या था, वो उनकै आग्गै-आग्गै चाल्या। अर जड़ै बाळक था, उस घर कै उप्पर जाकै रुक ग्या। 10 उस तारे नै देखकै वे घणे आनन्दित होए, जो उस घर के उप्पर रुक ग्या था।