15 कदी काहानाक ने काम धपी जासे, ती चु दुख हाकलसे; बाकुन चु आपसुत धपते-धपते बची जासे।
16 काय तुहुंं नी जाणता की तुहुंं भगवानेन मंदीर छे, ने भगवानेन आत्मा तुंद्रे मां वसे? 17 कदी कुय भगवानेन मंदीर काजे खत्तम करसे, ती भगवान बी हीनाक खत्तम कर देसे; काहाकी भगवानेन मंदीर चुखलु छे, ने चे तुहुंं छे।