15 काहाकी तुहुंं काजे गुलामी कराड़ने वाळी आत्मा नी जड़ी की तुहुंं अळी बीहणे बाजी जावु, बाकुन खुळे-लेणी8:15 लेपालकपन आत्मा जड़ली छे, तेरी सी आपणु भगवान काजे ए बास, कह्वीन आयड़जे। 16 आत्मा आपसीत हामरी आत्मा साते गवाय देय, की आपणु भगवानेन अवल्यात छे; 17 ने कदी अवल्यात छे ती जागरीन हकदर्या बी छे, बाकुन भगवानेन जागरी ने मसी साते ने तेरी जागरीन हकदर्या छे, जत्यार आपणु मसी साते दुख झेलसुन ती तेरे साते सेक-सींगार मां हय्न जासु।