9 परभु अक रात दरसन के दवारा पोलुस लग कथै, "झइ डर, बलुक बोलत जा अउ चुप्पे झइ रह, 10 काखे कि मै तोर संग हव, अउ कउनो तोर पय चढाई करके तोर हानि नेहको करही काखे कि हइ सहर हे मोर बोहत लग मनसे हबै।"
Publicidade
9 परभु अक रात दरसन के दवारा पोलुस लग कथै, "झइ डर, बलुक बोलत जा अउ चुप्पे झइ रह, 10 काखे कि मै तोर संग हव, अउ कउनो तोर पय चढाई करके तोर हानि नेहको करही काखे कि हइ सहर हे मोर बोहत लग मनसे हबै।"