9 इहैनिता अभिन्नो भगवान के मनसेन के निता पवितर दिन आराधना के रोज बने हबै। 10 जउन मनसे भगवान के सुस्ताय के रोज के जिघा हे गइस, ऊ "यीसु" अपन काम बढोय के उहै मेर सुस्ताय हबै, जउन मेर भगवान अपन काम बढोय के सुस्ताइस। 11 इहैनिता हम ऊ सुस्ताय के रोज के जिघा हे जाय के निता पूर-पूर परयास करा, कहुं असना झइ होय कि उनखर मेर आदेस झइ मानै अउ कउनो मनसे गढहा हे गिर जाय।