11 धन्य हबै तुम, जब मनसे मोर चेला होय के कारन तुम्हर बेज्जती करही, तुमके तंग करही अउ कइनमेर के झूठ दोस लगइहिन।
11 धन्य हबै तुम, जब मनसे मोर चेला होय के कारन तुम्हर बेज्जती करही, तुमके तंग करही अउ कइनमेर के झूठ दोस लगइहिन।