9 त्यो उनछे कयो, "तुमू आपसी रीति क मानने क करता यहोवा–भगवान की हुकुम कोसी वारली तरह टावने देता होय! 10 काहकि मूसा ने कयो छे, आपने बास आरू आपसी माय क विजुत कर आरू जो काही बास वो माय क बुरा कये वो पाको मार नाखीन जाने।" 11 "पुन तुमू कयता होय की यदि काही आपने बास वो माय छे कये, जो काय तुखे मखे छे लाभ पुग सकता हुता, वो कुरबान मतलब संकल्प होय चुक्यो।" 12 तो तुमू ओको ओका बास वो ओकी माय की काय सेवा करने नी दिदा। 13 "इनीये प्रकार तुमू आपसी रीति छे, जिन्हे तुमू ने ठहराया छे, यहोवा–भगवान क वचन टावने देद होय; आरू ओसो घोणा छे काम करता होय।"