8 हे प्रेम दोस, या एक बात खे मत भुलनु की प्रभु कि नजर मे एक दिन हजार साल मे कोय फरक नी हइ. वोका लिये यो दिन भी बराबर हइ.
8 हे प्रेम दोस, या एक बात खे मत भुलनु की प्रभु कि नजर मे एक दिन हजार साल मे कोय फरक नी हइ. वोका लिये यो दिन भी बराबर हइ.