15 क्योंकि मैं तुम्हें ऐसे शब्द और बुद्धि दूँगा जिसका सामना या खंडन तुम्हारा कोई भी विरोधी न कर सकेगा।
15 क्योंकि मैं तुम्हें ऐसे शब्द और बुद्धि दूँगा जिसका सामना या खंडन तुम्हारा कोई भी विरोधी न कर सकेगा।