Pular para o conteúdo
Publicidade

मत्ती रचित सुसमाचार 5

धनवचन

3 "धनैं मन ैं,

ोंि वरउनीं ै।

4 धनैं करतैं,

ोंि ांवने।

5 धनैं नमैं,

ोंि उततरिोंे।

6 धनैं िकतऔर ैं,

ोंि ्‍िे।

7 धनैं दयैं,

ोंि उन पर दयएगी।

8 धनैं िनकमन ैं,

ोंि परम्‍वर ेंे।

9 धनैं करैं,

ोंि परम्‍वर कहले।

10 धनैं िकतरण सतैं,

ोंि वरउनीं ै।

11 "धन, जब रण िंकरें और सतँ, तथलकर िें सब रककहें। 12 आनिऔर मगन ा, ोंि वरें रतिफल बड़ै; इसलिि उनोंउन भवियवक्‍मसपहल, इसरकसता।

Estes versículos te tocaram? Ore agora!

+581 estão orando agora.

Junte-se à corrente de oração.

Veja também