6 क्यूँकि जो ख़ुदा को प्यारा है उस की वह हिदायत करता है, क्यूँकि जिसको फ़रज़न्द बनालेता है उसके कोड़े भी लगाता है
7 अपनी मुसीबतों को इलाही तर्बियत समझ कर बर्दाश्त करें। इस में ख़ुदा आप से बेटों का सा सुलूक कर रहा है। क्या कभी कोई बेटा था जिस की उस के बाप ने तर्बियत न की?