21 मतवालोपन, लीलाक्रीड़ा अऊर इन को जसो अऊर भी काम हंय, इन को बारे म मय तुम सी पहिले सी कह्य देऊ हय जसो पहिले कह्य भी चुक्यो हय, कि असो-असो काम करन वालो परमेश्वर को राज्य को वारिस नहीं होयेंन।
23 नम्रता, अऊर संय्यम हंय; असो-असो कामों को विरोध म कोयी भी व्यवस्था नहाय।