सुध्द आत्मा को उतरनू
1 जब फसह पर्व को बाद यहूदी हुन को तिहार को पचासवे दिन आयो, ते सब विस्वासी लोग एक जगह म एकजुट भया। 2 एकदम से आकास से आधी के तुफान के जसो के आवाज आई जे घर म अवाज आई उ जे घर भर गयो बड़ी आवाज अई। 3 अर आगी की फहलती अऊर लपट हुन जसी जीभ हुन सामे दिखई देवन लगी वी आगी अलग अलग जीभ उन म से हर एक प आ टिकी। 4 वी सब दी अर ओमा से भरख गयो, अर जे प्रकार सुध्द आत्मा हैं उन्हे बोलन की सामर्थ्य दी, वी अन्य अन्य भासा हुन बोलन लगिया।